पर्यायवाची शब्द – अवधारणा, सामान्य पर्यायवाची और प्रसंगानुसार प्रयोग (Synonyms in Hindi Grammar) | GPN
पर्यायवाची शब्द हिंदी भाषा का एक अत्यंत महत्वपूर्ण शब्द-भंडार विषय है। वे शब्द जिनका मूल अर्थ समान होता है, किंतु जिनका प्रयोग स्थिति, भाव और प्रसंग के अनुसार अलग-अलग किया जाता है, उन्हें पर्यायवाची शब्द कहा जाता है। यह विषय भाषा की अभिव्यक्ति को प्रभावशाली और समृद्ध बनाता है।
विद्यालय स्तर पर पर्यायवाची शब्दों का अध्ययन विद्यार्थियों को सही शब्द चयन, बेहतर लेखन तथा सटीक उत्तर लेखन में सहायता करता है। बोर्ड परीक्षाओं में यह विषय अक्सर अंकों को सरलता से बढ़ाने का माध्यम बनता है।
इस "पर्यायवाची शब्द" सेक्शन में क्या मिलेगा?
प्रत्येक विषय के लिए एक अलग और समर्पित कॉन्सेप्ट पेज उपलब्ध है,
जिसमें सरल परिभाषाएँ, उपयुक्त उदाहरण, तथा प्रयोग आधारित व्याख्या दी गई है।
आगे चलकर प्रत्येक टॉपिक के लिए अभ्यास वर्कशीट भी जोड़ी जाएगी।
यह अध्ययन सामग्री CBSE और UP बोर्ड के कक्षा 4–5, 6–8 और 9–10 के पाठ्यक्रम को ध्यान में रखकर तैयार की गई है। प्रतियोगी परीक्षाओं की प्रारंभिक तैयारी के लिए भी यह विषय उपयोगी है।
पर्यायवाची शब्दों का सही ज्ञान न केवल परीक्षा में अच्छे अंक दिलाने में सहायक होता है, बल्कि भाषा को प्रभावी, स्पष्ट और अभिव्यक्तिपूर्ण बनाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
मुख्य विषय-क्षेत्र:
पर्यायवाची शब्द, समानार्थक शब्द, प्रसंगानुसार शब्द चयन,
हिंदी शब्द-भंडार, हिंदी व्याकरण।