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अशुद्ध-शुद्ध शब्द – परिभाषा, नियम, उपयोग और उदाहरण (Ashuddh-Shuddh Shabd – Incorrect & Correct Words) | GPN

क्या आपने कभी "फल" को "फ़ल" लिखा है? या "स्कूल" को "इस्कूल"? ऐसी छोटी-छोटी गलतियाँ हर किसी से हो जाती हैं। अशुद्ध-शुद्ध शब्द सीखना ऐसा ही है जैसे आपकी भाषा की "सफाई अभियान" - गलत शब्दों को पहचानना और उन्हें सही करना। जब हम शब्दों को सही रूप में लिखते हैं, तो हमारी भाषा सुंदर, स्पष्ट और प्रभावशाली बन जाती है।

✅ उपयुक्त कक्षाएँ: कक्षा 5–6 (परिचय) | कक्षा 6–7 (अभ्यास) | कक्षा 7–8 (उच्च स्तर प्रयोग)


1. अशुद्ध-शुद्ध शब्द: क्यों और कैसे?

अशुद्ध शब्द वे होते हैं जिन्हें गलत तरीके से लिखा जाता है, जबकि शुद्ध शब्द उनका सही और मानक रूप होता है। यह समस्या अक्सर तब होती है जब हम बोलचाल के उच्चारण को ही लिख देते हैं, जैसे बोलते समय हम "जाता है" कहते हैं, लेकिन लिखते समय "जाता है" ही लिखना चाहिए, "जाता हे" नहीं।

रोजमर्रा की जिंदगी में हम अक्सर WhatsApp, SMS या सोशल मीडिया पर शॉर्टकट अपनाते हैं - "क्या" को "kya", "है" को "hai" लिख देते हैं। ये बातचीत के लिए ठीक है, लेकिन स्कूल की कॉपी, परीक्षा या औपचारिक पत्रों में हमें शुद्ध रूप ही लिखना चाहिए। एक बच्चे ने परीक्षा में लिखा: "मैं अपने पिता जी से बहुत प्यार करता हूँ।" यहाँ "पिता जी" अशुद्ध है, सही है "पिताजी"।

2. परिभाषा

परिभाषा: अशुद्ध शब्द वे शब्द हैं जो वर्तनी, रूप या उच्चारण की दृष्टि से मानक भाषा के नियमों के अनुसार नहीं लिखे जाते, जबकि शुद्ध शब्द वे हैं जो सभी भाषाई नियमों का पालन करते हुए मानक रूप में लिखे जाते हैं

3. अशुद्धियों के मुख्य कारण

अशुद्धियाँ क्यों होती हैं और उन्हें कैसे पहचानें:

  • उच्चारण की गलत आदत: बोलचाल में हम "ज्ञान" को "ग्यान" बोलते हैं, फिर वैसे ही लिख देते हैं।
  • समान ध्वनि वाले अक्षरों का भ्रम: 'स' और 'श', 'व' और 'ब' में अंतर न समझ पाना।
  • विदेशी शब्दों का हिंदीकरण: "स्टेशन" को "इस्टेशन" या "टीचर" को "टीचर" लिखना।
  • संयुक्ताक्षरों की गलत वर्तनी: "क्ष" को "क्श", "त्र" को "तर" लिख देना।
  • अनुस्वार-चंद्रबिंदु की गलती: "हँसना" को "हंसना" लिखना जहाँ अर्थ बदल जाता है।

4. अशुद्धियों के प्रमुख प्रकार

अशुद्धियाँ मुख्यतः इन श्रेणियों में होती हैं:

क्रम अशुद्धि का प्रकार उदाहरण (अशुद्ध → शुद्ध)
1 स्वर संबंधी अशुद्धियाँ किरप्या → कृपया, पहेल → पहले
2 व्यंजन संबंधी अशुद्धियाँ सप्ताह → सप्ताह, उज्जवल → उज्ज्वल
3 मात्रा संबंधी अशुद्धियाँ औरत → औरत, खीरा → खीरा
4 संयुक्ताक्षर संबंधी अशुद्धियाँ विध्यालय → विद्यालय, रक्शा → रक्षा
5 विसर्ग, अनुस्वार संबंधी प्रात → प्रातः, सम्पूर्ण → संपूर्ण

5. सामान्य अशुद्ध-शुद्ध शब्दों की सूची

आइए कुछ ऐसे शब्द देखें जो अक्सर गलत लिखे जाते हैं:

  • अशुद्ध: अद्धा | शुद्ध: अर्धा (आधा)
  • अशुद्ध: अध्यापक | शुद्ध: अध्यापक (ध्यान दें: यह सही है, लेकिन बहुत से लोग "अध्यापक" लिखते हैं)
  • अशुद्ध: इंतजार | शुद्ध: इंतज़ार (नुक्ता सहित)
  • अशुद्ध: उपयोग | शुद्ध: उपयोग (यह सही है, "उपयोग" नहीं)
  • अशुद्ध: कन्य्या | शुद्ध: कन्या
  • अशुद्ध: ग्यान | शुद्ध: ज्ञान
  • अशुद्ध: चाँदनी | शुद्ध: चाँदनी (दो 'न' नहीं)
  • अशुद्ध: जल्दी | शुद्ध: जल्दी (यह सही है, "जल्दी" नहीं)
  • अशुद्ध: तैयार | शुद्ध: तैयार (यह सही है, "तय्यार" नहीं)
  • अशुद्ध: पैसा | शुद्ध: पैसा (यह सही है, "पैसा" नहीं)

6. अशुद्धियों को सुधारने की विधि

अशुद्धियों को सुधारने के लिए इन बातों का ध्यान रखें:

1. शब्द का मूल रूप जानें: "प्रसन्न" शब्द संस्कृत के "प्रसन्न" से आया है, इसलिए इसे "प्रसन" नहीं लिख सकते।
2. उच्चारण और लेखन में अंतर समझें: बोलते समय हम "हो रहा है" कहते हैं, लेकिन लिखते समय "हो रहा है" लिखेंगे।

एक उपयोगी टिप: जब शब्द लिख रहे हों, तो मन ही मन उसका उच्चारण धीरे-धीरे करें और प्रत्येक अक्षर पर ध्यान दें। जैसे "वि-द्या-ला-य" - इससे आपको पता चल जाएगा कि 'ध्या' नहीं, 'द्या' है।

7. सामान्य भ्रम और सावधानियाँ

परीक्षा में अक्सर इन्हीं शब्दों के बारे में पूछा जाता है, जहाँ छात्र भ्रमित हो जाते हैं:

  • "श्री" और "श्रि" में भ्रम: "श्री" सही है, "श्रि" नहीं। 'श्र' एक संयुक्त अक्षर है।
  • "राज्य" और "राज्य" में अंतर: दोनों अलग-अलग हैं। पहला "राज्य" (प्रदेश) और दूसरा "राज्य" (विशेषण) हो सकता है।
  • नुक्ता वाले शब्द: "ज़रूर", "फ़िल्म", "क़लम" - इनमें नुक्ता जरूरी है।
  • द्वित्व व्यंजन का भ्रम: "सम्मान" (दो 'म') और "सवाल" (एक 'व') में अंतर।
  • संस्कृत के तत्सम शब्द: "दुःख" (विसर्ग सहित) और "सुख" (बिना विसर्ग) में अंतर याद रखें।

8. परीक्षा उपयोगी तथ्य

  • हिंदी में 'ड़' और 'ढ़' केवल शब्दों के बीच या अंत में आते हैं, शुरुआत में नहीं।
  • 'क्ष', 'त्र', 'ज्ञ', 'श्र' - इन चार संयुक्ताक्षरों की वर्तनी अक्सर परीक्षा में पूछी जाती है।
  • 'अ' और 'आ' में भ्रम वाले शब्द: "कर्म" और "कर्मा" - पहला सही है, दूसरा गलत।
  • विदेशी शब्दों का हिंदी रूप: "टिकट" सही है, "टिकट" भी स्वीकार्य है, लेकिन "टिकट" गलत।
  • संस्कृत के शब्दों में विसर्ग बरकरार रखें: "दुःख", "सुःख" नहीं; "प्रातः", "प्रात" नहीं।

9. 🎯 अशुद्ध-शुद्ध शब्द चुनौती

नीचे दिए गए 10 प्रश्नों में अशुद्ध शब्दों को पहचानें और उनका शुद्ध रूप बताएं:

1. "उसका स्वभाव बहुत उज्जवल है।" - इस वाक्य में अशुद्ध शब्द कौन सा है?

उत्तर: "उज्जवल" अशुद्ध है। शुद्ध रूप: "उज्ज्वल"।

2. "विद्यार्थी को किरप्या यहाँ आने को कहें।" - अशुद्ध शब्द ढूंढें।

उत्तर: "किरप्या" अशुद्ध है। शुद्ध रूप: "कृपया"।

3. "श्री राम ने रावण का बध किया।" - वाक्य में कौन सा शब्द गलत है?

उत्तर: "बध" अशुद्ध है। शुद्ध रूप: "वध" (ध्यान दें: 'ब' और 'व' का भ्रम)।

4. "मुझे दस रूपये चाहिए।" - इसमें वर्तनी की गलती ठीक करें।

उत्तर: "रूपये" अशुद्ध है। शुद्ध रूप: "रुपये"।

5. "यह कमीज़ जरूरी है।" - क्या यह वाक्य शुद्ध है? यदि नहीं, तो सुधारें।

उत्तर: "जरूरी" में नुक्ता नहीं है। शुद्ध रूप: "ज़रूरी" (नुक्ता सहित)।

6. "सूर्य उदय हो गया है।" - क्या इस वाक्य में कोई अशुद्धि है?

उत्तर: हाँ, "उदय" सही है, लेकिन "सूर्य" के साथ "उदय" नहीं, "उदित" या "निकल" अधिक उपयुक्त है। वर्तनी की दृष्टि से कोई गलती नहीं है।

7. "उसने सम्पूर्ण काम कर दिया।" - अशुद्ध शब्द पहचानें।

उत्तर: "सम्पूर्ण" अशुद्ध है। शुद्ध रूप: "संपूर्ण" (अनुस्वार के साथ)।

8. "वह प्रतेक दिन व्यायाम करता है।" - गलती बताएं।

उत्तर: "प्रतेक" अशुद्ध है। शुद्ध रूप: "प्रतिदिन" या "प्रत्येक"।

9. "त्यौहार के दिन सब खुश होते हैं।" - शुद्ध रूप लिखें।

उत्तर: "त्यौहार" अशुद्ध है। शुद्ध रूप: "त्योहार"।

10. "अध्यापक ने पाठ पढ़ाया।" - क्या यह शुद्ध है? यदि हाँ, तो क्यों?

उत्तर: हाँ, यह शुद्ध है। "अध्यापक" सही वर्तनी है। बहुत से लोग इसे "अध्यापक" लिखते हैं, लेकिन वह गलत है। सही रूप "अध्यापक" ही है।

10. सारांश

अशुद्ध-शुद्ध शब्द सीखना भाषा सीखने की एक महत्वपूर्ण कड़ी है। यह हमें यह समझाता है कि प्रत्येक शब्द का एक मानक रूप होता है और उसे उसी रूप में लिखना चाहिए। शुद्ध वर्तनी न सिर्फ हमारे लिखित कौशल को निखारती है, बल्कि पाठक के लिए स्पष्टता भी लाती है। नियमित अभ्यास और सजगता से हम अशुद्धियों से बच सकते हैं और एक शुद्ध भाषा का प्रयोग कर सकते हैं।

11. संबंधित विषय संकेत

इस विषय को और अच्छी तरह समझने के लिए अगला विषय पढ़ें: कक्षा 7-9 • समान ध्वनि वाले शब्द (Words with Similar Sounds)

📝 अशुद्ध-शुद्ध शब्द अभ्यास कार्यपत्रक

अशुद्ध-शुद्ध शब्दों से संबंधित वर्कशीट।

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